"निःशुल्क तीर्थ यात्रा से साकार हो रही आस्था, बुज़ुर्ग श्रद्धालुओं के खिले चेहरे"

पानीपत (निर्मल सिंह): हरियाणा सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत मंगलवार को पानीपत रेलवे स्टेशन से 90 श्रद्धालुओं को निःशुल्क रेल यात्रा पर रवाना किया गया। यह विशेष ट्रेन कुरुक्षेत्र से चलकर तख्त सचखंड श्री हजूर साहिब, नांदेड़ (महाराष्ट्र) के लिए प्रस्थान कर रही है। यात्रा 5 मई से 10 मई तक निर्धारित है।

इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) अंकित चौकसे, शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा के भाई हरपाल ढांडा तथा सांसद प्रतिनिधि गजेंद्र सलूजा ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। इस दौरान अतिथियों ने यात्रियों को फूलमालाएं पहनाकर उनका अभिनंदन किया और शुभकामनाएं दीं।

एडीसी अंकित चौकसे ने कहा कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना हरियाणा सरकार की एक सराहनीय पहल है, जिसका उद्देश्य समाज के हर वर्ग, विशेषकर आर्थिक रूप से कमजोर और बुजुर्ग नागरिकों को तीर्थ यात्रा का अवसर प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि यह योजना प्रदेशवासियों की आस्था, संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों को सशक्त करने का माध्यम बन रही है।

शिक्षा मंत्री के भाई हरपाल ढांडा ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक लोग धार्मिक स्थलों के दर्शन करे। सरकार उनका यह सपना साकार कर रही है। खास बात यह रही की रेलवे स्टेशन पर इस दौरान यात्रियों में विशेष उत्साह व उमंग देखने को मिली। बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपने परिजनों के साथ स्टेशन पहुंचे। यात्रियों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी, वहीं उन्हें विदा करने आए परिजन भावुक नजर आए।

यात्री रतन सिंह ने बताया कि वह लंबे समय से इस यात्रा पर जाने की इच्छा रखते थे, जिसे सरकार ने पूरा कर दिया। वहीं 76 वर्षीय जोगिंदर ने खुशी जताते हुए कहा कि यह उनके जीवन का यादगार पल है और सरकार ने उनकी वर्षों पुरानी इच्छा पूरी कर दी।

सरदार गुरबचन सिंह, तेज सिंह, अमरजीत कौर और महेंद्र कपूर के परिवार के सदस्यों ने भी सरकार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना उनके लिए सम्मान की बात है।

इस अवसर पर डीआईपीआरओ सुनील बसताडा, मार्केट कमेटी के अध्यक्ष अवतार शास्त्री, सीएम विंडो एमिनेंट पर्सन आर डी कल्याण, निगम पार्षद संजीव दहिया सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति और बड़ी संख्या में यात्रियों के परिजन उपस्थित रहे।

उल्लेखनीय है कि इस योजना के तहत यात्रियों को निःशुल्क रेल यात्रा के साथ भोजन, ठहरने और अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाती हैं। योजना का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराना और समाज में सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना है।