जगरांव (चरणजीत सिंह चन्न): स्थानीय सनमती विमल जैन सीनियर सेकेंडरी पब्लिक स्कूल में उस समय बेहद भावुक दृश्य देखने को मिले, जब लगभग दो दशक (20 वर्ष) पहले यहाँ से शिक्षा प्राप्त करने वाले पूर्व छात्र पुन: अपने स्कूल की दहलीज पर पहुँचे। जैसे ही इन पुराने विद्यार्थियों ने स्कूल परिसर में कदम रखा, उनकी आँखों में सुनहरी यादों की चमक और अपने गुरुओं के प्रति सम्मान साफ झलक रहा था।
एक यादगार पुनर्मिलन: गुरु-शिष्य का अनूठा मिलन: विद्यार्थियों ने अपने उन शिक्षकों से मुलाकात की, जिन्होंने उन्हें न केवल किताबी ज्ञान दिया बल्कि जीवन के नैतिक मूल्यों से भी परिचित कराया। अपने पुराने गुरुओं का आशीर्वाद लेकर छात्र भावुक हो उठे।
बचपन की गलियां और क्लासरूम: पुराने क्लासरूम और खेल के मैदान को देखते हुए पूर्व छात्रों ने कहा कि समय के साथ भले ही चेहरे बदल गए हों, लेकिन दिल में स्कूल की वही मासूम यादें आज भी ताजा हैं। उन्होंने उन दिनों को याद किया जब यह स्कूल उनकी खुशियों और सीखने का मुख्य केंद्र हुआ करता था।
शिक्षकों का गौरव: अपने द्वारा तराशे गए विद्यार्थियों को आज सफल और जिम्मेदार नागरिक के रूप में देखकर शिक्षकों का सीना गर्व से चौड़ा हो गया।
"हमारे विद्यार्थी ही हमारी असली पूंजी हैं। आज उन्हें जीवन के विभिन्न क्षेत्रों में सफलता हासिल करते और खुशहाल जीवन व्यतीत करते देख बेहद संतोष हो रहा है।"-प्रिंसिपल सुप्रिया खुराना
स्कूल प्रशासन ने करवाया दौरा: प्रिंसिपल सुप्रिया खुराना ने विशेष रूप से विद्यार्थियों का स्वागत किया और उन्हें पूरे स्कूल परिसर का दौरा करवाया। उन्होंने विद्यार्थियों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि संस्थान के लिए यह गर्व का विषय है कि यहाँ से निकले छात्र आज दुनिया भर में अपनी पहचान बना रहे हैं